चारधाम यात्रा 2026 का शुभारंभ: ऋषिकेश से बसों को हरी झंडी, सीएम धामी ने दिया सुरक्षित और ‘ग्रीन यात्रा’ का संदेश
ऋषिकेश/देहरादून:
देवभूमि उत्तराखंड में आस्था के महापर्व चारधाम यात्रा 2026 का विधिवत शुभारंभ हो गया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शनिवार को ऋषिकेश में आयोजित कार्यक्रम के दौरान यात्रा बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने श्रद्धालुओं के लिए लगाए गए निशुल्क स्वास्थ्य शिविर का निरीक्षण भी किया।
“आस्था और आत्मिक ऊर्जा का मार्ग है चारधाम यात्रा”
मुख्यमंत्री ने देशभर से आए श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए कहा कि चारधाम यात्रा केवल धार्मिक यात्रा नहीं, बल्कि आस्था, साधना और आत्मा को जोड़ने का माध्यम है। यह यात्रा हर कठिनाई को पार करने की शक्ति देती है और श्रद्धालुओं को आत्मिक शांति प्रदान करती है।
उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प है कि यात्रा को सुगम, सुरक्षित, सुव्यवस्थित और दिव्य बनाया जाए, ताकि हर श्रद्धालु देवभूमि से यादगार अनुभव लेकर लौटे।
ग्रीन चारधाम और स्वच्छता पर विशेष जोर
सीएम धामी ने स्वच्छता को यात्रा का महत्वपूर्ण हिस्सा बताते हुए श्रद्धालुओं से अपील की कि वे यात्रा मार्ग और धार्मिक स्थलों पर साफ-सफाई बनाए रखें।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में इस वर्ष ग्रीन चारधाम यात्रा और प्लास्टिक मुक्त केदारनाथ धाम का लक्ष्य तय किया गया है।
- सभी वाहनों में डस्टबिन अनिवार्य
- यात्रा मार्गों पर नियमित सफाई
- पर्यावरण संरक्षण पर विशेष फोकस
इन्फ्रास्ट्रक्चर में बड़े बदलाव
मुख्यमंत्री ने बताया कि यात्रा को और सुगम बनाने के लिए कई बड़े प्रोजेक्ट पूरे हो चुके हैं या प्रगति पर हैं—
- दिल्ली-देहरादून इकोनॉमिक कॉरिडोर से यात्रा तेज और आसान
- केदारनाथ और बद्रीनाथ धाम में पुनर्निर्माण कार्य
- गंगोत्री, यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब में सुविधाओं का विस्तार
- ऑल वेदर रोड परियोजना से बेहतर कनेक्टिविटी
- गौरीकुंड-केदारनाथ और गोविंदघाट-हेमकुंड के लिए रोपवे परियोजनाएं
स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा
सीएम ने कहा कि चारधाम यात्रा लाखों लोगों की आजीविका का आधार है। उन्होंने श्रद्धालुओं से स्थानीय उत्पाद खरीदने और स्थानीय व्यवसायों को समर्थन देने की अपील की।
स्वास्थ्य और सुरक्षा पर सरकार का फोकस
कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल ने बताया कि यात्रा मार्ग पर स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत किया गया है।
- केदारनाथ में मेडिकल अस्पताल तैयार
- बद्रीनाथ में 50 बेड का अस्पताल जून तक तैयार होगा
- यात्रियों को स्वास्थ्य जांच के बाद ही यात्रा करने की सलाह
वहीं कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा ने बताया कि परिवहन विभाग ने इस बार नई व्यवस्थाएं लागू की हैं—
- संवेदनशील और सिंगल लेन मार्गों पर शटल सर्विस
- मूवेबल शटल सेवा के लिए हेल्पलाइन नंबर
- एलईडी के माध्यम से रीयल टाइम जानकारी
चारधाम यात्रा 2026 इस बार आधुनिक सुविधाओं, मजबूत व्यवस्थाओं और पर्यावरण संरक्षण के संकल्प के साथ शुरू हुई है। सरकार का फोकस साफ है—श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और दिव्य अनुभव देना, साथ ही देवभूमि की पवित्रता को बनाए रखना।
